खुले में शौच करने के लिए महिलाएं व् बच्चे मजबूर

स्वछता स्वास्थ्य हिमाचल

सिरमौर न्यूज़ / पांवटा साहिब
पांवटा साहिब के वार्ड नंबर 9 की मद्रासी कॉलोनी में बच्चे व् महिलाएं आज भी खुले में शौच करने को विवश है। खुले में शौच व् नालियों ने सफाई न होने के कारण यहाँ गन्दगी का आलम है। न तो इस कॉलोनी में समय पर गन्दी नालियों की सफाई की जाती है और न ही यहाँ पर सार्वजानिक शौचालय की व्यवस्था है। आलम यह है की महिलाओं व् बच्चो को खुले में शौच करना पड़ता है। हालाँकि कुछ लोग पैसे खर्च करके साथ के वार्ड में लगते सार्वजानिक शौचालय में शौच करने चले जाते है। इस कॉलोनी के बाशिंदो का कहना है की उन्हें सिर्फ चुनाव के दौरान ही याद किया जाता है उसके बाद नेता यहाँ की जनता से किये गए वादों को भूल जाते है। आज तक किसी भी नेता ने उनकी समस्या का समाधान नहीं किया। यहाँ तक की नगर परिषद् के सफाई कर्मचारी भी उनकी नालियों की सफाई सुचारु रूप से नहीं करते। आरोप है की सफाई कर्मी यहाँ रहने वालो के साथ सीधे मुँह बात तक नहीं करते।

स्थानीय समाजसेवी कई बार इन लोगो की समस्या को नगर परिषद् व् प्रशासन के समक्ष रख चुके है लेकिन आज तक इस कॉलोनी के लोगो की समस्याओं का समाधान नहीं हो पाया है। समाजसेविका समीर शर्मा का कहना है की एक तरफ जहाँ केंद्र व् प्रदेश सरकार स्वच्छ भारत मिशन का ढिंढोरा पीट रहे है तो वहीँ दूसरी और पांवटा साहिब के वार्ड नंबर 9 में स्वच्छ भारत मिशन की धज्जियाँ उड़ाई जा रही है। साथ ही प्रदेश सरकार सरकार द्वारा पांवटा शहर को खुला शौच मुक्त घोषित करने पर भी सवालिया निशाँन खड़े हो चुके है। जल से जल्द नगर परिषद् व् प्रशासन को इनकी समस्या का समाधान करना चाहिए।

“जल्द ही इस क्षेत्र के सार्वजानिक शैचालय का कार्य पूरा होने वाला है , किन्ही कारणों से निर्माण कार्य संपन्न नहीं हो पा रहा था लेकिन एक सप्ताह का समय सम्बंधित ठेकेदार को दिया गया है। जल्द की इन लोगो की समस्या का समाधान होगा “- कृष्णा धीमान ,अध्यक्षा नगर परिषद् पांवटा