श्री रेणुका जी में प्रशासन की नाक तले धडल्ले से चल रहा अबैध खनन

हिमाचल

सिरमौर न्यूज़ / नाहन

अबैध खनन रोकने के तमाम सरकारी प्रयास खनन माफिया के सामने बौने नजर आ रहे हैं ।तमाम सरकारी दावों के बावजूद सिरमौर जिले की नदियों में बड़े पैमाने पर अवैध खनन चल रहा है। खनन माफिया के हौसले इतने बुलंद है कि जाटोँन डैम के समीप गिरी नदी में भी अवैध खनन करने से गुरेज नहीं कर रहे हैं। सरकार को लाखों रुपय के राजस्व का चूना लगाया जा रहा है और प्रदेश उच्च न्यायालय के आदेशों की सरेआम धज्जियां उड़ाई जा रही है।
सिरमौर जिले के श्री रेणुका जी क्षेत्र में गिरी नदी के किनारे दिन रात गेर कानूनी अवैध खनन धड़ल्ले से चल रहा है। हैरानी की बात यह है कि अवैध खनन जाटोँन डेम से 2 से 3 सौ मीटर की दूरी पर अंतर्राष्ट्रीय महत्व की धार्मिक श्री रेणुका जी झील से महज 2 किलोमीटर दूरी पर चल रहा है। जिस स्थान पर अवैध खनन हो रहा है वहां प्रवासी पक्षी भी बड़ी संख्या में डेरा डाले हैं। यही नहीं वन विभाग की जिस भूमि पर अवैध खनन हो रहा है वन विभाग के डीएफओ का कार्यालय और पुलिस स्टेशन वहां से महज 1 किलोमीटर की दूरी पर है। यहां रोज सुबह तड़के खनन माफिया सक्रिय हो जाता है, देर रात तक अवैध खनन का एक गोरखधंधा यहां बदस्तूर चलता रहता है। यहां हैरानी की बात यह है कि श्री रेणुका जी
डीएफओ कार्यालय और थाना यहां से महज एक से डेढ़ किलोमीटर की दूरी पर है। लेकिन बावजूद इसके रेत बजरी से भरे ट्रक और ट्रैक्टर यहां से सरेआम गुजरते रहते हैं। गिरी नदी में खनन के हाल देख कर ऐसा प्रतीत होता है कि यहां प्रशासन नाम की कोई चीज ही नहीं है। क्षेत्र में खनन माफिया जहां जिम्मेदार विभागों के अधिकारियों पर हावी है। वहीं आमजन में भी खनन माफिया का खौफ है। जिसके चलते कोई भी व्यक्ति क्षेत्र में चल रहे अवैध खनन की शिकायत करने का साहस नहीं जुटा पाता। इस संबंध में जब डीएफओ श्री रेणुका जी से बात की तो उन्होंने कहा कि अवैध खनन के खिलाफ समय-समय पर कार्रवाई होती रहती है। अवैध खनन को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।