सिरमौर पुलिस ने पकड़ा साइबर ठगी गिरोह का मास्टरमाइंड,आरोपी 5 दिन के पुलिस रिमांड पर

क्राइम

सिरमौर न्यूज़ / पांवटा साहिब

ऑनलाइन ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के सदस्यों को पकड़ने में सिरमौर पुलिस ने बड़ी कामयाबी हासिल की है। सिरमौर पुलिस की एसआईटी ने शिलाई के एक युवक से विदेश में नौकरी देने के नाम पर 40 लाख की ठगी करने वाले साइबर क्रिमिनल को पकड़ा है। आरोपी को बंगाल के सिलीगुड़ी से गिरफ्तार किया गया है।जिसे आज पांवटा साहिब की अदालत में पेश करने के बाद 5 दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।

पुलिस के हाथ अपराधिक सोंच से कहीं अधिक लंबे होते हैं। सिरमौर पुलिस ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है। पुलिस ने लगभग डेढ़ साल से फरार चल रहे 40 लाख कि ऑनलाइन ठगी करने के आरोपी को धर दबोचा है। पुलिस की गिरफ्त में आरोपी बंगाल के सिलीगुड़ी का रहने वाला सुब्रत सरकार है। सुब्रत सरकार को सिरमौर पुलिस की एसआईटी ने सिलीगुड़ी से पकड़ा है। सुब्रत सरकार यहां पहचान बदलकर रह रहा था। शिलाई के युवक के साथ 40 लाख की ठगी करने के बाद इस गिरोह ने अपनी पहचान बदल दी थी हालांकि पुलिस एफआईआर दर्ज होने के बाद से ही गिरोह के पीछे पड़ी थी पुलिस को गिरोह के सदस्यों के कोलकाता और सिलीगुड़ी में होने की पुख्ता सूचना मिली। जाल बिछाया गया। एसआईटी के सदस्य बीमा एजेंट बनकर सुब्रत सरकार के समीप गए और पुख्ता सबूत हाथ लगने के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। अब पुलिस इस बात की जांच में जुट गई है कि सुब्रत सरकार के और कौन-कौन साथी उसके साथ थे और उन्होंने और किन-किन ठगी की वारदातों को अंजाम दिया है।

यह था पूरा मामला
मामला वर्ष 2015 -16 से जुड़ा है , जालसाज़ों ने शिलाई निवासी एक युवक को जाल में फसाया और उसे विदेश में नौकरी देने का झांसा दिया। इसके एवज में आरोपियों ने युवक से लगभग 40 लाख रूपए ऐंठ लिए और उसके बाद आरोपियों ने अपने फोन नंबर और बैंक अकाउंट बदल लिए। वर्ष 2017 में पीड़ित की शिकायत पर शिलाई थाने में साइबर ठगी की एफआईआर दर्ज हुई लेकिन आरोपियों का कोई पता न होने के कारण आरोपी लगभग डेढ़ वर्ष तक खुले घूमते रहे। उधर पुलिस का साइबर सेल आरोपियों की लोकेशन लगातार ट्रेस कर रहा था। आरोपियों की लोकेशन पश्चिम बंगाल के कलकत्ता और सिलिगुड़ी के आसपास ट्रेस हो रही थी। सही लोकेशन और आरोपियों का पता लगाने के लिए पिछले महीने भी साइबर सेल और शिलाई पुलिस की टीम ने कलकत्ता में डेरा डाला था। छानबीन में गिरोह के मुख्य सदस्य सुब्रत सरकार का सिलीगुड़ी में होने का पता चला और पुलिस ने सुनियोजित ढंग से जाल बिछा कर सिलीगुड़ी से सुब्रत सरकार उर्फ़ रोकी को गिरफ्तार कर लिया